चित्रकूट में प्रभु श्री राम अपने वनवास अवधि के साढ़े ग्यारह वर्ष, देवी सीता और अनुज लक्ष्मण के साथ बिताये थे। चित्रकूट पौराणिक महत्व रखने के साथ साथ ऐतिहासिक, धार्मिक, भौगोलिक और वन्य जीव sanctuary होने की वजह से भी जाना जाता है।

चित्रकूट में स्थित प्रभु श्री राम की स्मृतियाँ सहेजे विभिन्न स्थलों के साथ ही जानेंगे यहाँ कैसे पहुंचे, कहाँ रुकें, कब आयें सहित अनेकों महत्वपूर्ण एवं रोचक जानकारियां।

चित्रकूट के प्रमुख आकर्षण में से एक है यहाँ बहती मंदाकिनी नदी, जिसे पयस्विनी नदी के नाम से भी जाना जाता है। मान्यता है कि इसी नदी के तट पर भगवान श्री राम ने अपने पिता महाराजा दशरथ को तिलांजलि दी थी। इसी नदी के तट पर कई घाट हैं, जिनमें से कुछ हैं रामघाट, कैलाश घाट, जानकी घाट, राघव घाट आदि। घाटों के तट पर विभिन्न देवी देवताओं, ऋषियों को समर्पित कई मंदिर भी स्थित हैं।

https://youtu.be/afNpcrpXARU

वर्तमान में यहाँ रामघाट में प्रतिदिन होने वाली सायंकालीन आरती, तीर्थयात्रियों के चित्रकूट आगमन के अनुभव को अविस्मरणीय बनाता है। इस समय मन्दाकिनी नदी पर चलती रौशनी जगमगाती रंगों से भरी नावें आकर्षक लगती है।

स्वामी मत्यगजेंद्रनाथ अथवा स्वामी मत्यगयेंद्रनाथ रामघाट में स्थित एक प्रमुख मंदिर है – मान्यता है – कि भगवान ब्रह्माजी ने इसी स्थान पर यज्ञ किया था। यज्ञ के प्रभाव से निकले शिवलिंग को स्वामी मत्यगजेंद्र नाथ जी के नाम से जाना जाता है। प्रभु श्री राम यहां पर वनवास काल में आए तो उन्होंने चित्रकूट निवास के लिए स्वामी मत्यगजेंद्रनाथ से आज्ञा ली थी।

सावन के माह और महाशिवरात्रि में यहाँ बड़ी संख्या में श्रदालु में शिवलिंग पर जलाभिषेक करते है. स्वामी मत्यागयेन्द्र नाथ जी के दर्शन से शोक, भय और अवसाद से मुक्ति मिलती है।संध्या आरती के बाद – उत्तर प्रदेश पर्यटन द्वारा द्वारा मन्दाकिनी नदी पर लेज़र शो और 30 मिनट की भगवान राम पर आधारित एक फिल्म दिखाई जाती है। जो यहाँ पँहुचे तीर्थयात्रियों के अनुभव को और भी सुंदर बनाती है।

इसके बाद पर्यटन विभाग द्वारा आयोजित होने वाला फाउंटेन शो बेहद आकर्षक लगता है। Light and Sound तकनीक द्वारा मन्दाकिनी नदी में लेजर शो द्वारा प्रभु श्री राम के जीवन पर आधारित एक लघु फिल्म यहाँ आने वाले लोगों को आनंदित करती है।

चित्रकूट की भूमि में, पग – पग पर प्रभु राम के चरणों ने स्पर्श किया होगा, यह विचार ही श्रदालुओं, के हृदय में असीम आनंद, पवित्रता और उमंग भर देता है।

उत्तर प्रदेश – जहाँ देवता मानव रूप में अवतार लेते है। प्रभु श्री राम और श्री कृष्ण ने यहाँ की पावन भूमि में जन्म लिया और इस भूमि को उनकी लीलाएं देखने का भी सौभाग्य मिला।

भारत में उत्तर प्रदेश राज्य के 75 जिलों मे से एक है – चित्रकूट, इस जनपद के पडोसी जिले है – उत्तर प्रदेश के बाँदा, फतेहपुर, कौशाम्बी, प्रयागराज और मध्य प्रदश में सतना।

चित्रकूट पहले बाँदा जिले का ही भाग था. जो 6 मई 1997 अलग जिले के रूप में अस्तित्व में आया, शुरू में जिले का नाम छत्रपति शाहू जी महाराज नगर रखा गया था, और लगभग 16 माह बाद, 4 सितंबर 1998 जिले का नाम शाहू जी महाराज नगर से बदलकर चित्रकूट कर दिया गया।

चित्रकूट मे चार तहसीलें है, जिनके नाम हैं – कर्वी, मऊ, मानिकपुर और राजापुर

चित्रकूट धाम का कुछ एरिया चित्रकूट जिले के बाहर मध्य प्रदेश मे भी है – यह मुख्यतः 5 गाँव या कस्बों का समूह है, जिनमे उत्तर प्रदेश में चित्रकूट जिले के कर्वी तहसील दो कस्बे सीतापुर और कर्वी तथा मध्य प्रदेश में सतना जिले के तीन कस्बे कामता, कोहली और नयागाँव शामिल है।

6 मई 1997 को हुआ, बाँदा जनपद से एक हिस्से को अलग कर अलग जनपद बना जिसका नाम आरम्भ में छत्रपति शाहू जी महाराज नगर रखा, और 4 सितंबर 1998 को जिले का नाम चित्रकूट कर दिया गया।

होटेल्स/ गेस्ट हाउस/ धर्मशाला

(आपका चित्रकूट परिक्षेत्र मे होटल/ धर्मशाला हो, जिसे आप लिस्ट कराना चाहें तो हमें ईमेल करें : mail (@) popcorntrip.com पर)

राही टुरिस्ट बंग्लो, उत्तर प्रदेश पर्यटन, पोद्दार इंटर कॉलेज के निकट, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: (05198) – 224218, 224219
टुरिस्ट बंग्लो, मध्य प्रदेश, सतना बस स्टैंड के निकट, चित्रकूट, मध्य प्रदेश फोन: 07670 – 265326
जैपूरिया भवन धर्मशाला, पोद्दार इंटर कॉलेज के निकट, सीतापुर, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: (05198) – 224221
राधिका भवन, सीतापुर, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 8004236399
श्री जी भवन, सीतापुर, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 05918 – 224005
कामदगिरि भवन, रामघाट के निकट, सीतापुर, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 – 224313
विनोद लॉज, रामघाट, चित्रकूट, (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 224415
पित्र स्मृति विश्राम गृह, रामघाट, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 9450223214
मंदाकिनी सत्संग भवन, सीतापुर रोड, चित्रकूट, (उत्तर प्रदेश) फोन: 9450223446
होटल रामकृपा इन, नगरपालिका के निकट, कर्वी, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 224405
अग्रवाल गेस्ट हाउस, रेलवे स्टेशन के सामने, कर्वी, चित्रकूट (उत्तर प्रदेश) फोन: 05198 236370

भाग 2: चित्रकूट परिक्षेत्र के निकट के प्रमुख स्थल :

इस वीडियो मे देखेंगे करेंगे – कुछ बेहद खास स्थानों जो उत्तर प्रदेश मे चित्रकूट परिक्षेत्र मे आने वाले पर्यटकों के अनुभव को और भी और भी यादगार बना देंगे ।
इस विडियो मे है – चित्रकूट और इसके समीप कुछ ऐसे स्थल/ आकर्षण जो चित्रकूट आने वाले पर्यटकों के अनुभव को अविस्मरणीय बनायेंगे। 

जिनमे शामिल है –  ऐतिहासिक और देश के सबसे बड़े किलों में गिने जाने वाले किलों मे एक – कालिंजर दुर्गबांदा के पास जैविक खेती, रानीपुर वाइल्ड लाइफ, धारकुंडी, शबरी जल प्रपात एवं गणेश बाग, जहां खजुराहो की तरह मूर्तिया देखी जा सकती हैं।

>

Organic Farm in Banda (Humane Agrarian Centre)
https://www.facebook.com/avartansheelkheti