मुनस्यारी और खलिया टॉप ट्रेक: रास्ते, कैंप और होटल
अक्टूबर के आख़िरी सप्ताह की खलिया टॉप यात्रा: मुनस्यारी पहुँचने के रास्ते, जंगल का ट्रेक, कैंप की रात, जीरो पॉइंट की शाम और होटल-होमस्टे के आधिकारिक संपर्क।

पहुँचने का रास्ता · ट्रेक · कैंप और शुल्क · होटल और संपर्क
कैंप पहुँचे तो नीले आसमान के सामने बर्फ़ की चोटियाँ एकदम साफ़ थीं। अगली सुबह उसी जगह खड़े होकर पहाड़ का आकार पहचानना मुश्किल था। बादलों की सफ़ेदी, बर्फ़ की सफ़ेदी में मिल गई थी।
अक्टूबर के आख़िरी सप्ताह की इस यात्रा में मुनस्यारी की सड़क, खलिया के जंगल और ऊपर खुलते बुग्याल, सबका अपना रंग मिला। उत्तराखंड के कुमाऊँ में, पिथौरागढ़ ज़िले का मुनस्यारी इस ट्रेक का आधार है। शहर में रुककर तैयारी की जा सकती है; ऊपर रात बितानी हो तो खलिया टॉप कैंपसाइट अलग अनुभव है।
मुनस्यारी कैसे पहुँचें?
देश के दूसरे हिस्सों से आने पर हल्द्वानी या उससे जुड़े काठगोदाम से पहाड़ी यात्रा शुरू कर सकते हैं। रास्ता इस हिसाब से चुनें कि बीच में कहाँ रुकना है। कौसानी या बिनसर की तरफ़ जाना हो तो उसके लिए समय अलग रखें।
- टनकपुर–पिथौरागढ़ वाला रास्ताहल्द्वानी से टनकपुर, पिथौरागढ़, थल और नाचनी होकर मुनस्यारी। टनकपुर से भी सड़क यात्रा शुरू की जा सकती है।
- अल्मोड़ा से बागेश्वरबिनसर सैंक्चुरी गेट के मोड़ और ताकुला होकर बागेश्वर पहुँच सकते हैं। दूसरा विकल्प कौसानी और बैजनाथ होकर है।
- अल्मोड़ा से सीधे थल की ओरबाड़ेछीना, धौलछीना, शेराघाट और बेरीनाग होकर थल पहुँचा जा सकता है; इस रास्ते बागेश्वर नहीं पड़ता।
- गढ़वाल सेदेहरादून–ऋषिकेश से देवप्रयाग, श्रीनगर, रुद्रप्रयाग, कर्णप्रयाग, थराली और ग्वाल्दम होते हुए बैजनाथ–बागेश्वर की सड़क मिलती है।
बागेश्वर से एक रास्ता चौकोड़ी–थल–नाचनी होकर है। दूसरा कपकोट–भराड़ी–शामा होकर तेजम की तरफ़ निकलता है। आगे क्वीटी, बिरथी और कालामुनि होते हुए मुनस्यारी पहुँचते हैं। हमारे तैयार किए रोड मैप में बागेश्वर से कपकोट वाला रास्ता लगभग 115 किमी और चौकोड़ी वाला लगभग 138 किमी है। चुने हुए पड़ावों के अनुसार दूरी बदल सकती है।
दूरी हमारे मानचित्र के चुने पड़ावों के बीच सड़क रूटिंग का अनुमान है; डेटा: OpenStreetMap और OSRM। हेलीकॉप्टर से आने का विचार हो तो अपनी तारीख की उड़ान और बुकिंग सीधे ऑपरेटर की समय-सारणी से जाँचें।
हमारी सड़क यात्रा: कौसानी से मुनस्यारी
हम कौसानी से निकले, बैजनाथ होकर बागेश्वर पहुँचे और कपकोट–भराड़ी वाली सड़क पकड़ ली। इस पूरे रास्ते की मैप दूरी करीब 156 किमी थी। सड़क पक्की मिली, लेकिन कई जगह सँकरी थी। छोटे कस्बों में पैदल लोग, खड़ी गाड़ियाँ और सामने से आती गाड़ी, सब इसी सड़क पर थे।
अंधे मोड़ों से पहले रफ़्तार कम रखनी पड़ी। कहीं सामने वाली गाड़ी को निकलने देने के लिए रुकना पड़ा, कहीं मवेशियों के लिए जगह छोड़नी पड़ी। बिरथी के बाद कालामुनि की चढ़ाई में मोड़ बढ़ते गए। ये हमारी यात्रा के अनुभव हैं; निकलने से पहले उस दिन के मौसम और सड़क की स्थिति स्थानीय स्तर पर पूछ लें। तस्वीर के लिए गाड़ी वहीं रोकें जहाँ दूसरे वाहनों का रास्ता खुला रहे।
खलिया द्वार से कैंप तक
कालामुनि की ओर से आते हुए मुनस्यारी से लगभग आठ किमी पहले बलाती बेंड पर खलिया द्वार है। ट्रेक यहीं से शुरू होता है और यहाँ एंट्री करानी होती है। बोर्ड पर जीरो पॉइंट की दूरी छह किमी थी। शुरुआत में इतने दूर का अंदाज़ नहीं मिलता—पेड़ों के बीच अगला मोड़ ही मुश्किल से दिखता है।
कैंप तक लगभग तीन किमी चढ़ाई है। कहीं पत्थर की सीढ़ियाँ, कहीं मिट्टी और पेड़ों की जड़ें। घाटी बीच-बीच में खुलती है, फिर जंगल उसे ढक लेता है। मैदानी वॉक के तीन किमी से इसकी तुलना करना ठीक नहीं होगा। साँस तेज़ हो तो रुकें, पानी पिएँ और अपनी चाल से चलें।
| हिस्सा | पैदल दूरी |
|---|---|
| खलिया द्वार → खलिया टॉप कैंपसाइट | 3 किमी |
| कैंप → खलिया बुग्याल | 800 मीटर |
| कैंप → जीरो पॉइंट, बुग्याल होकर | लगभग 3 किमी कुल |
| द्वार → जीरो पॉइंट → द्वार | लगभग 12 किमी कुल |
पड़ावों के अनुमान यात्रा के बोर्ड, मिले ब्रोशर और कैंप ऑपरेटर की जानकारी पर आधारित हैं। कैंप से बुग्याल की दूरी, कैंप से जीरो पॉइंट की दूरी में शामिल है।
खलिया टॉप कैंपसाइट में रात
पेड़ों से ऊपर आते ही रंगीन टेंट और कमरों की लंबी छत दिखी। हमारी रात यहीं थी। इस जगह को भुजानी भी कहते हैं; ब्रोशर में इसकी ऊँचाई करीब 3,250 मीटर दी गई है। कैंप से नीचे मुनस्यारी के घर छोटे लगते थे और रात को वही घर बत्तियों की कतार बन गए।
| मद | प्रति व्यक्ति | क्या शामिल था |
|---|---|---|
| उसी दिन लौटने की एंट्री | ₹50 | ठहरना अलग |
| ऊपर रात रुकने की एंट्री | ₹100 | कैंप का किराया अलग |
| टेंट में ठहरना | ₹1,000 | डिनर और नाश्ता |
| कमरे में ठहरना | ₹1,500 | डिनर और नाश्ता |
कमरे और टेंट की दरें हमें मिले ब्रोशर की हैं; भोजन में डिनर और नाश्ता शामिल होने की हमने पुष्टि की थी। एंट्री और रहने का खर्च अलग है। सीज़न में पहले बुकिंग करें और अपनी तारीख का किराया, खाना, बिस्तर, पानी, चार्जिंग तथा कैंसलेशन की शर्तें पूछ लें।
KhaliyaTop.com अभी Cosmos Trek के खलिया पन्ने पर पहुँचाता है। Cosmos अपनी वेबसाइट पर इस सरकारी Alpine Resort को संचालित करने की जानकारी देता है; वर्तमान किराया पूछने पर मिलता है। Cosmos संपर्क: +91 7500727271, +91 8979155510।
Outdoor Journey अलग टेंट पैकेज का विकल्प है। उसकी बुकिंग और सुविधाएँ अलग से जाँचें; संपर्क +91 8958390128 (आधिकारिक संपर्क पन्ना)।

बुग्याल, जीरो पॉइंट और बदलता मौसम
कैंप में चेक-इन और लंच के बाद हम ऊपर निकले। अगले दिन मौसम बिगड़ने का फ़ोरकास्ट था। लगभग 800 मीटर की चढ़ाई के बाद जंगल पीछे छूटने लगा और खुली घास का मैदान मिला—यही बुग्याल है। नीचे से आख़िरी लगने वाली पहाड़ी के पीछे अब एक और चढ़ाई दिखाई दे रही थी।
जीरो पॉइंट की ऊँचाई ब्रोशर में लगभग 3,800 मीटर है। यहाँ एक तरफ़ डूबता सूरज था, दूसरी तरफ़ पंचाचूली पर बची हुई धूप। कुछ मिनटों में बर्फ़ पर ताँबे जैसी लाली आ गई। वापसी का समय अलग रखना ज़रूरी है: चोटियों पर उजाला बना रह सकता है, जबकि पैरों के पास पगडंडी अँधेरी होने लगती है।
हम कैंप लौटे और अगली सुबह पहाड़ बादलों में मिले। अक्टूबर की इस एक यात्रा को पूरे सीज़न की गारंटी नहीं माना जा सकता। ऊपर जाने का निर्णय उसी दिन की दृश्यता, मौसम और अपनी स्थिति के अनुसार लें; धुंध में चिह्नित रास्ता छोड़कर शॉर्टकट न खोजें।

ट्रेक की तैयारी
ग्रिप वाले, ठीक फिट होने वाले जूते पहनें। उँगलियों को जगह मिले, उतरते समय वे आगे न टकराएँ और एड़ी ज़्यादा न फिसले। खरीदते समय ट्रेक वाले मोज़ों के साथ चलकर जाँचें; पहले छोटी वॉक में इस्तेमाल करें। American Hiking Society की फिट गाइड भी इसी पर ज़ोर देती है।
पानी, थोड़ा खाना, मौसम के लिए अतिरिक्त परत और हेडलैम्प रखें। रास्ते में पानी की उपलब्धता पहले पूछें। तैयारी के दौरान वॉक और सीढ़ियों का अभ्यास करें, लेकिन चढ़ाई को अपनी क्षमता के अनुसार रखें। वापसी और साथियों का प्लान पहले तय करना भी NPS की ट्रेक तैयारी सलाह का हिस्सा है।
ऊँचाई की परेशानी को हल्के में न लें। AMS यानी Acute Mountain Sickness फिट लोगों को भी हो सकती है। ऊपर आने के बाद सिरदर्द के साथ जी मिचलाना, चक्कर या असामान्य थकान हो तो आगे चढ़ना रोकें और साथी को बताएँ। आराम के बावजूद हालत बिगड़े तो नीचे उतरें और मेडिकल मदद लें। आराम में साँस फूलना, लड़खड़ाना या भ्रम होना तत्काल मदद और उतरने की ज़रूरत के संकेत हैं। धीरे ऊँचाई लें; पहले से स्वास्थ्य की समस्या हो तो यात्रा से पहले डॉक्टर से सलाह लें। स्रोत: CDC Yellow Book।
मुनस्यारी में होटल और होमस्टे: सीधे संपर्क
मुनस्यारी में रुकना हो तो इन जगहों से अपनी तारीख, कमरा और बजट पूछ सकते हैं। संपर्क संबंधित आधिकारिक वेबसाइटों से लिए गए हैं। बुकिंग से पहले पार्किंग, पहुँचने का रास्ता, गरम पानी, भोजन और भुगतान की शर्तें समझ लें।
Hotel Pandey Lodge
पता: View Point, Munsyari, Distt. Pithoragarh, Uttarakhand, India.
फ़ोन: +91 9411130316, +91 9411130373
आधिकारिक वेबसाइट और संपर्क
Milam Inn Munsiyari
पता: Near K.M.V.N Rest House, Munsiyari.
फ़ोन: +91 8439072556
आधिकारिक बुकिंग और संपर्क
Vijay Mount View Hotel
पता: Thal Road, Munsiyari, Distt. Pithoragarh 262554, Uttarakhand.
फ़ोन: +91 8449329977, +91 9411132041
आधिकारिक संपर्क पन्ना
Wayfarer Munsiyari
पता: Near Tribal Heritage Museum, Nanasem, Sarmoli, Munsyari, Pithoragarh, Uttarakhand 262554.
फ़ोन: +91 9910295370, +91 9871587150, +91 9868808107
आधिकारिक परिचय और संपर्क
Himalayan Ark Homestays
सरमोली, मुनस्यारी में स्थानीय परिवारों का होमस्टे नेटवर्क। बुकिंग पर चुने गए घर का सही पता लें।
फ़ोन: +91 9917789950
आधिकारिक वेबसाइट
SamathaStay
पता: Shankh Dhura, Sarmoli, Munsiyari, Uttarakhand.
फ़ोन: +91 9910135320
आधिकारिक वेबसाइट और संपर्क
इस यात्रा की याद सिर्फ़ जीरो पॉइंट तक पहुँचना नहीं है। जंगल के बीच मिलती घाटी की छोटी झलक, कैंप से दिखती बत्तियाँ और अगली सुबह बादलों में खोए पहाड़ भी उसी कहानी का हिस्सा हैं। रास्ते में रुकने का वक़्त रखें और अपना कचरा वापस साथ लाएँ।
यात्रा की फ़िल्म: PopcornTrip की खलिया टॉप वाली 4K फ़िल्म सार्वजनिक होने पर यहाँ जोड़ी जाएगी।
संपर्क विवरणों की जाँच: 7 नवंबर 2026। अनुभव: अक्टूबर का आख़िरी सप्ताह। होटल और कैंप की वर्तमान दरें व उपलब्धता सीधे संबंधित संचालक से पूछें।